- आपको आमंत्रित करते हुए हर्ष हो रहा है, कि प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष यह आयोजन ग्राम अजिरमा, अंबिकापुर (छ.ग.) में आयोजित किया जा रहा है, आप सादर आमंत्रित है. इस शिविर में आपका शामिल होना संपूर्ण आदिवासी समुदाय के उज्जवल भविष्य के लिए अत्यंत हितकर साबित होगा।

9वा कोया पूनेम राष्ट्रीय आदिवासी प्रशिक्षण शिविर 2024
हमारा मकसद एक और सामाजिक संगठन खड़ा करना नहीं बल्कि समुदाय के सभी अगुवा मुखियाओं, सदस्यों, विभिन्न आदिवासी संगठनों के पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित कर सक्रिय, दक्ष व कुशल बनाना है। हम कितनों भी शिक्षित व सफल क्यों न हो जायें प्रशिक्षण का महत्व कभी खत्म नहीं होता। सीखने व जानने की कोई उम्र नहीं होती है, न ही पद और व्यस्तता बाधक होती है। आईये उम्र, पद व व्यस्तता की परवाह न किये बिना ही मात्र चार दिन के लिए कालेज जीवन की तरह प्रशिक्षार्थी बनें।
-

9वा कोया पूनेम राष्ट्रीय आदिवासी प्रशिक्षण शिविर 2024
सम्मानीय समस्त आदिवासी समुदाय यह आमंत्रण आपको सीधे मिले या न मिले, जिस किसी भी माध्यम से आपको इस शिविर के बारे में जानकारी प्राप्त हुआ हो, उसी को आमंत्रण स्वीकार करें।
आपसे सादर निवेदन है कि अपने स्वयं का भी अग्रिम पंजीयन करायें और परिवार के सदस्यों, आदिवासी मित्रों, आपके संगठन के सभी पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं एवं सदस्यों को इस शिविर में शामिल होने के लिए प्रेरित करें, उनका प्रशिक्षण आवेदन पत्र भरवा कर जमा करवाने, निर्धन प्रशिक्षार्थियों का प्रशिक्षण शुल्क देने व दिलवाने में भी मदद करें।

इस बावत् स्वस्फूर्त सूचना पत्र अपने ग्राम/आदिवासी महिला समूह/संगठन/संस्था/समिति/ समाज के लेटरहेड में जारी कर एवं मिटिंग सभा आदि का आयोजन कर सभी आदिवासी पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं सदस्यगणों को इस शिविर में शामिल होने हेतु अपील करने की सहयोग करें। सेवामान् !
प्रमुख विचार बिंदु- //आदिवासियों का प्रागैतिहासिक इतिहास // आदिवासियों का धार्मिक इतिहास // गोंडवाना सभ्यता एवं राजपाठ का इतिहास //गोंडवाना समग्र क्रांति विकास आंदोलन- एक चिंतन // गण्ड व्यवस्था की सांस्कृितिक संरचना//द ओनर ऑफ इंडिया-आदिवासी // आर्थिक गण्ड व्यवस्था भाग 1 आर्थिक संकट, भाग 2 स्थापना //भाग- 3 संचालन, भाग- 4 विस्तार, भाग- 5 विकास // पारंपरिक ग्राम सभा रीति, नीति एवं दण्ड विधान //व्यक्तित्व एवं कौशल विकास//जैविक खेती एवं पशुपालन//5 वीं व 6 वीं अनुसूची एवं सुरक्षात्मक कानून पेसा एक्ट एवं वन अधिकार मान्यता कानून//
प्रतिभागियों की पंजीयन संख्या के आधार पर व्यवस्था दुरूस्त किया जायेगा, इसलिए अग्रिम पंजीयन अनिवार्य है, अधिम पंजीयन का अंतिम तिथि 15/01/2024
है। अग्रिम पंजीयन के लिए आवेदन पत्र भरकर पेमेंट कर पावती संलग्न सहित Telegram- NOTICE BOARD सूचना पटल link @ttrreport
hitps://me-288UolurSEhmZjA1 Tribal Training Registration Report (Ambikapur, CG) में भेजे।
प्रशिक्षण का रजिस्ट्रेशन करने एवं संबधित सभी प्रकार के सूचना, पवर्ष आदि के लिए इस शिविर का नोटिस बोर्ड (सुचना पटल) उपरोक्त टेलीग्राम का लिंक है। सभी प्रतिभागी रजिस्ट्रेशन फार्म को भरकर पहचान पत्र पेन कार्ड या आधार कार्ड की करपी एवं राशि जमा का पावती का pdf बनाकर इस ग्रुप में जालना अनिवार्य होगा। 3. शिविर में प्रवेश के लिए व्यकामा शुल्क राशि रु 1000/- (एक हजार रूपये मात्र) अनिवार्य है। इारी राशि से शिविर का 4 दिवस का संपूर्ण व्यय प्रधान होगा। सभी प्रतिभागियों, सामाजिक मुखियाओं, मास्टर ट्रेनरे, कार्यकर्ताओं आदि सभी को व्यवस्ता शुल्क सहित पंजीयन कराना अनिवार्य होगा, पंजीयन शुल्क में छूट किसी के लिए भी नहीं होगी। 4. समाज के बहुत से बेरोजगार युवक युवतियों, सामाजिक कार्यकर्ता जो इस प्रशिक्षण में शामिल होना तो चाहते हैं किंतु उनके पास आने जाने व पंजीयन के लिए
व्यवस्था शुल्क नहीं है, ऐसे प्रतिभागियों को समाज अपने ग्राम आदिवासी महिला समूह संगठन संस्था समिति समाज स्तर पर सहयोग राशि इक्कट्ठा करणों
पंजीयन कराकर प्रशिक्षण में अनिवार्य रूप से भेजें, वे प्रशिक्षित कार्यकर्ता ही वापस जाकर समाज का कुशलता से काम करेंगे। समाज के आर्थिक रूप से सक्षम
सभी अधिकारी कर्मचारी जनप्रतिनिधि एवं व्यवसायी द्वार जिम्मेदारी को स्वस्फूर्ती से उठायें।
इस आयोजन को सकरन चनाने के लिए समाज से आशा की जाती है कि पंजीयन शुल्क के अतिरिक्त स्वैच्छिक दान राशि या अन्य सहयोग कर सकते है। आपके कन राशि एवं पंजीयन शुल्क की पावती प्रशिक्षण स्थल में प्राप्त कर सकेंगे। इस पावती पर आयकर दाताओं को आयकर भरते समय लगाने पर आयकर अधिनियम की धारा 80G के तहत् कर योग्य आप में पावती राशि का 50 प्रतिशत छूट प्राप्त कर सकते है।
यह शिविर नियमों एवं अनुसाशन की कसौटी पर संपन्न होगा इसलिए सभी को नियमों व अनुशासन का पालन करना अनिवार्य होगा। 1. सभी को नोट लिखने के लिए स्थापी डायरी व पेन साच लाना होगा, अस्थायी छोटा नोट बुक या कागज में नोट लिखना नहीं चलेगा।
शिविर में एकरूपता के लिए सबको शिविर कोड पीला पगड़ी अपने साथ लाना अनिवार्य होगा एवं इसके अतिरिक्त अपने कथीला में प्रचलित पारंपरिक परिधान धारण कर सकते हैं।
सभी प्रतिभागी, अपने ओढ़ने, बिछाने के लिए बेडसीट, पानने के कपड़े, साबुन, ब्रश आदि जरूरत को बीजें साथ लेकर आयें।
शिविर में प्रवेश परिचय पत्र हमेशा प्रदर्शित करते रहना होगा, इसके बगैर प्रवेश नहीं मिलेगा। गुम जाने पर 100 रूपये जुर्माना देकर द्वितीय प्रति प्राप्त कर पायेन। 11. सभी प्रतिभागी स्वयंसेवकों की तरह व्यवहार करते हुए सभी कार्यों में जैसे शांति व्यवस्था, बैठक, स्वच्छता, भोजन, पानी आदि में सहयोग करेंगे।
शिविर के अंदर या आसपास शराब पीकर आना या किसी भी प्रकार नशा या ध्यसन सामाग्री, पातक हथियार आदि पूर्णतः प्रतिबंध होगा।
प्रशिक्षण सत्र के बीच में किसी भी अतिथि का स्वागत व उठ्योधन नहीं होगा, सत्र के बाद खाली समय में स्वागत व उद्योधन हेतु समय दिया जायेगा।
किसी भी प्रकार की अनुशासनहीनता, अमर्यादित व्यवहार, अशोभनीय आचरण पूर्णत प्रतियधित होगा।
“9 वॉ कोया पुनेम राष्ट्रीय आदिवासी प्रशिक्षण शिविर – 2024″
(चार दिवसीय आवासीय सांस्कृतिक रेला पाटा की धुन में आर्थिक, सांस्कृतिक एवं संवैधानिक)
आयोजन दिनांक 18, 19, 20 एवं 21 जनवरी 2024
स्थान – गोंडवाना भवन, ग्राम अजिरमा (रेल्वे स्टेशन के पास सूरजपुर रोड अंबिकापुर) अंबिकापुर, जिला सरगुजा (छ.ग.) 497001
मास्टर ट्रेनर्स एवं विषयवस्तु पूर्व से निर्धारित एवं आमंत्रित है, इसके अलावा अन्य मुखिया जनों को यदि किसी विषयवस्तु पर ट्रेनिंग देने को न मिले तो अन्यधा नहीं लेंगे। अतिथि बक्ता एवं फिडवेक के रूप में विचार रखने का अवसर मिले तो कृपया समय सीमा के भीतर ही विचार रखेंगे।
Author: Shambhoo Dwip
जोहार शंभू द्वीप न्यूज़ चैनल में आपका स्वागत है गोंडवाना की धरती पर आपकी आवाज .... जिस धरती पर जिसकी पहचान हो ,जिस धरती पर उसका नाम हो, आज वही मूल मालिक अपनी पहचान के लिए दर-दर भटक रहा है, बाहर के लोगों का उनकी संस्कृति पर हमला, इसलिए शंभू द्वीप न्यूज़ चैनल गोंडवाना की धरती पर आपका आवाज... हमें सपोर्ट करें












